एमबीबीएस दाखिला फर्जीवाड़ा, स्वतंत्रता सेनानी प्रमाण पत्र मामले में SIT ने जब्त किए दस्तावेज, आरोपी छात्राएं फरार
By सुरेन्द्र सिंह रावत
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Sep 21, 2026 11:31
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एमबीबीएस पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए स्वतंत्रता संग्राम सेनानी श्रेणी के फर्जी प्रमाण-पत्र का प्रयोग कर आरक्षण कोटा का लाभ प्राप्त करने के मामले में एसआईटी ने जांच का दायरा आगे बढ़ा दिया है। रविवार को एसआईटी की दो टीमें मेडिकल कॉलेज श्रीनगर (पौड़ी गढ़वाल) व मेडिकल कॉलेज हल्द्वानी पहुंची। छुट्टी के दिन भी एसआईटी ने दोनों मेडिकल कालेजों के कार्यालय खुलवाए और छात्राओं की ओर से दाखिल के लिए लगाए दस्तावेज अपने कब्जे में लिए। एमबीबीएस एडमिशन के लिए है। जांच में अब तक सामने आया है कि आरोपितों ने बहुत ही शातिर ढंग से फर्जी प्रमाणपत्रों के जरिए एमबीबीएस में दाखिला लिया। छात्राओं की ओर से दस्तावेजों में अपने पते अलग-अलग दिए हैं। किसी प्रमाणपत्र में पता रिश्तेदार तो कहीं किराए के रूप में दिया हुआ है। ऐसे में एसआईटी यह पता नहीं कर पा रही है कि छात्राओं का मूल निवास कहां का है। सभी दस्तावेज खंगालने के बाद ही एसआईटी किसी नतीजे तक पहुंच पाएगी।
आरोपितों की ओर से स्वतंत्रता संग्राम सेनानी श्रेणी का प्रमाण-पत्र हासिल करने के लिए जो दस्तावेज लगाए गए थे, उन्हें एसआईटी अपने कब्जे में ले चुकी है। एसआइटी इन दस्तावेजों को खंगाल रही है। इसके बाद छात्राओं ने दाखिले के लिए जिन यूनिवर्सिटी व कॉलेज के शैक्षणिक प्रमाणपत्र लगाए हैं, वहां भी पत्राचार किया है। अब यह भी संदेह जताया जा रहा है कि कहीं उन्होंने डिग्री के लिए भी फर्जीवाड़ा तो नहीं किया है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी आश्रिम प्रमाणपत्र फर्जीवाड़ा मामले में थाना क्लेमेनटाउन रायपुर में दो मुकदमे दर्ज होने के बाद नामजद आरोपित तृप्ति व उसकी मां उमा रानी और कुमारी खुशी, परी व स्वाति सभी फरार हैं। पुलिस पांचों की तलाश में जुटी हुई है। आरोपितों की गिरफ्तारी के बाद मामला साफ होने की उम्मीद है। वहीं फर्जीवाड़े की चेन लंबी होने की उम्मीद भी जताई जा रही है।
सुरेन्द्र सिंह रावत
Verified Reporter
Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.
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