देहरादून

देहरादून की डिफेंस कालोनी में 250 करोड़ का भूमि घोटाला, पर्यावरण मंत्रालय को भेजी शिकायत, जांच के आदेश

सुरेन्द्र सिंह रावत By सुरेन्द्र सिंह रावत Sep 13, 2026 10:21 5 views 0 Comments
देहरादून की डिफेंस कालोनी में 250 करोड़ का भूमि घोटाला, पर्यावरण मंत्रालय को भेजी शिकायत, जांच के आदेश

देहरादून शहर की प्रतिष्ठित डिफेंस कालोनी में 250 करोड़ रुपये से अधिक के भूमि घोटाले और सार्वजनिक हरित क्षेत्र के अवैध रूप से निजी उपयोग में लाने का मामला सामने आया है। इस मामले में उपसचिव उत्तराखंड शासन ने निबंधक सहकारी समितियां को पत्र लिखकर भूमि घोटाले के संबंध में निष्पक्ष जांच करवाकर आरोपितों के विरुद्ध कार्रवाई का अनुरोध किया है। इस मामले में 11 फरवरी 2025 को 16 पूर्व सैन्य अधिकारियों पर मुकदमा भी दर्ज किया गया था। कर्नल रमेश प्रसाद सिंह (सेनि.) की ओर से मुख्यमंत्री व पर्यावरण मंत्रालय को शिकायत भेजी थी कि डिफेंस कालोनी की स्थापना वर्ष 1968 में एक प्रतिष्ठित कैंटोनमेंट शैली के आवासीय क्षेत्र के रूप में की गई थी। कालोनी के मूल लेआउट में करीब 45 प्रतिशत क्षेत्र खुले स्थान, पार्क, हरित क्षेत्र और सार्वजनिक उपयोग के लिए निर्धारित बताया गया है।

सोसायटी के पूर्व प्रबंधन और विभिन्न सचिवों के कार्यकाल में इन सार्वजनिक स्थानों को कथित तौर पर निजी भूखंडों में परिवर्तित कर बेचा गया। इस पूरी प्रक्रिया से भूमि के वर्तमान सर्किल रेट और उस पर निर्मित मकानों के मूल्य को मिलाकर नुकसान का अनुमान 250 करोड़ रुपये से अधिक है। दावा किया कि एक लाख वर्गमीटर से अधिक हरित क्षेत्र प्रभावित हुआ है। उनका आरोप है कि भू-उपयोग और जमीन के स्वरूप में बदलाव से कालोनी के पर्यावरण, खुले स्थानों और बुनियादी ढांचे पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। आरोप लगाया कि सोसायटी के प्रबंधन से जुड़े लोगों ने प्रभावशाली लोगों के कालोनी में निवास करने का लाभ उठाकर प्रशासनिक कार्रवाई से बचने की कोशिश की। समिति के कार्यकाल को लेकर आपत्तियां होने के बावजूद 06 अप्रैल 2024 को एक कथित अनधिकृत विक्रय विलेख भी निष्पादित किया गया। बताया कि एमडीडीए के अध्यक्ष/गढ़वाल मंडल आयुक्त की ओर से कार्रवाई के लिए समयसीमा निर्धारित की गई थी, लेकिन निर्धारित समयसीमा समाप्त होने के बावजूद संबंधित निचले स्तर के विभागों की ओर से कार्रवाई नहीं की गई।

प्रतिवेदन में शहरी विकास एवं पर्यावरण विभाग के स्तर से संयुक्त वैधानिक जांच समिति व बोर्ड गठित करने की मांग की गई है। इसके अलावा अवैध संपत्ति निस्तारण संबंधी प्रस्तावों को निरस्त करने और पर्यावरणीय कानूनों के तहत कार्रवाई की मांग की गई। उन्होंने नेहरू कालोनी में दर्ज मुकदमे में नामित 15 अधिकारियों के खिलाफ पर्यावरणीय क्षति और सार्वजनिक संपत्ति के नुकसान की वसूली की कार्यवाही शुरू करने की मांग भी की है।

सुरेन्द्र सिंह रावत

सुरेन्द्र सिंह रावत

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Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.

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