दिल्ली लालकिला बम ब्लास्ट में अब उत्तराखंड से गिरफ्तार हुए सौरभ के रूप में बड़ी लीड मिली है। सौरभ साइबर ठगी रैकेट का सरगना है, जिसे हाल ही में हरिद्वार के लक्सर से अरेस्ट किया गया था। जांच में सामने आया है कि उसका पाकिस्तान के अलावा बांग्लादेश, सऊदी अरब व इंडोनेशिया से भी सीधा कनेक्शन है। एसटीएफ इसे दिल्ली बम ब्लास्ट से भी जोड़कर देखने लगी है। मुकदमा लिखने वाले एसटीएफ के दारोगा ने एफआईआर में बाकायदा इसका ब्योरा भी दिया है।
देहरादून एसटीएफ ने तिलकपुरी लक्सर से साइबर ठगी रैकेट के सरगना सौरभ व उसके साथी आकाश को गिरफ्तार किया है। जांच में पता चला है कि सौरभ का सीधा कनेक्शन पाकिस्तान, इंडोनेशिया, बांग्लादेश व सऊदी अरब से जुड़ा हुआ था। पाकिस्तान व सऊदी अरब में कुछ नंबरों पर अक्सर व्हाट्सअप से उसकी बात होती रहती थी। इन देशों के कुल आठ मोबाइल नंबर उसके फोन में एसटीएफ को मिले हैं।
इन नंबरों पर उसके कुछ संदिग्ध चैट भी एसटीएफ को मिले हैं। सौरभ के इस कनेक्शन को देखते हुए एसटीएफ को उसके तार दिल्ली बम ब्लास्ट से जुड़े होने का संदेह है। वादी नरोत्तम बिष्ट एसआई एसटीएफ ने मुकदमे में इसके बारे में विस्तार से लिखा भी है। एसपी देहात शेखर चंद्र सुयाल ने बताया कि तहरीर के आधार पर एसटीएफ एवं लक्सर पुलिस इस मामले की गहनता से जांच पड़ताल कर रही है।
सौरभ के नाम पर 6 बैंक एकाउंट में एक साल के भीतर 70 लाख व उसके साथी आकाश के 3 बैंक एकाउंट में 14 लाख रुपए का लेनदेन हुआ था। सौरभ ने अपनी मां बबली, पिता मेमचंद और गांव के अभिषेक, देवेन्द्र, सिमरन के नाम से भी एकाउंट खुलवाए थे। इनमें भी सौरभ का ही मोबाइल नंबर लिंक था। वहीं इनमें ऑनलाइन लेनदेन करता था। इन खातों में कुल टर्न ओवर डेढ़ करोड़ रुपए का है। बताया गया है कि यह रकम पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, कर्नाटक, महाराष्ट्र, केरल, हरियाणा, उडीसा, तेलंगाना में हुई ठगी की है। मगर दिल्ली बम ब्लास्ट के मद्देनजर वादी ने इसकी बारीकी से जांच करने की बात लिखी है।
