उत्तराखंड

उत्तराखंड कैबिनेट ने मुख्यमंत्री धामी की अध्यक्षता में 12 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी, राज्य पूर्ण साक्षर घोषित, उपनल कर्मचारियों को राहत

सुरेन्द्र सिंह रावत By सुरेन्द्र सिंह रावत Jun 18, 2026 10:03 2 views 0 Comments
उत्तराखंड कैबिनेट ने मुख्यमंत्री धामी की अध्यक्षता में 12 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी, राज्य पूर्ण साक्षर घोषित, उपनल कर्मचारियों को राहत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में गुरुवार को आयोजित उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में 12 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक की शु...

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में गुरुवार को आयोजित उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में 12 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक की शुरुआत पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी और पद्मश्री निशानेबाज जसपाल राणा के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए दो मिनट का मौन रखकर की गई। इसके बाद विभिन्न विभागों से जुड़े प्रस्तावों पर चर्चा हुई और कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। कैबिनेट की बैठक में सबसे अहम फैसला उत्तराखंड को पूर्ण साक्षर राज्य घोषित करने का रहा। सरकार के अनुसार प्रदेश की साक्षरता दर 98 प्रतिशत से अधिक पहुंच चुकी है, जिसके आधार पर यह निर्णय लिया गया। सरकार का मानना है कि शिक्षा के क्षेत्र में किए गए प्रयासों का सकारात्मक परिणाम अब सामने आ रहा है और राज्य ने साक्षरता के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है।

बैठक में उपनल कर्मचारियों को भी बड़ी राहत दी गई। समान कार्य-समान वेतन के लाभ के लिए निर्धारित कटऑफ तिथि को 12 नवंबर 2018 से बढ़ाकर 15 अगस्त 2024 कर दिया गया है। इस फैसले से बड़ी संख्या में कर्मचारियों को लाभ मिलने की संभावना है। लंबे समय से कर्मचारी संगठन इस संबंध में मांग उठा रहे थे। शिक्षा क्षेत्र में कैबिनेट ने उत्तराखंड संस्कृत शिक्षा संशोधन नियमावली-2026 को मंजूरी दी। इसके तहत संस्कृत विद्यालयों की मान्यता, पाठ्यक्रम निर्धारण और परीक्षा संचालन व्यवस्था में आवश्यक संशोधन किए जाएंगे। सरकार का कहना है कि इससे संस्कृत शिक्षा व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित और प्रभावी बनाया जा सकेगा। लोक निर्माण विभाग से जुड़े प्रस्ताव में मध्य-पूर्व में जारी युद्ध और वैश्विक परिस्थितियों के कारण बढ़ी बिटुमेन की कीमतों पर चर्चा हुई। सड़क निर्माण कार्यों पर इसके प्रभाव को देखते हुए सरकार ने कीमतों के प्रबंधन और आवश्यक व्यवस्था तैयार करने का निर्णय लिया है।

आबकारी विभाग के प्रस्ताव में होलोग्राम दोहराव की स्थिति में दोहरा कर नहीं लगाने का फैसला लिया गया। अब ऐसी परिस्थितियों में केवल एक बार ही कर वसूला जाएगा, जिससे संबंधित व्यापारियों और विभागीय प्रक्रियाओं को राहत मिलेगी।कृषि और उद्यानिकी क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए सेलाकुई स्थित सगंध एवं हर्बल केंद्र में मिलावट जांच की सुविधा विकसित करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए पांच नए पदों को भी स्वीकृति प्रदान की गई है। सरकार का मानना है कि इससे सगंध और हर्बल उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा मिलेगा तथा उत्पादों की गुणवत्ता सुनिश्चित की जा सकेगी। पर्यटन क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय हिमालयन कार रैली के आयोजन को मंजूरी दी गई है। इस आयोजन में लगभग 50 अंतरराष्ट्रीय कारों के शामिल होने की संभावना है। सरकार का मानना है कि इस तरह के आयोजन राज्य में साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखंड की पहचान को और मजबूत करेंगे।

गृह विभाग से संबंधित दो महत्वपूर्ण प्रस्तावों को भी मंजूरी मिली। इनमें उत्तराखंड कारागार नियमावली में संशोधन और कारागार अधीनस्थ सेवा नियमावली को स्वीकृति देना शामिल है। इन निर्णयों से जेल प्रशासन और कर्मचारियों की सेवा व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा। राज्य आंदोलनकारियों और उनके आश्रितों को भी राहत प्रदान की गई है। अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की कनिष्ठ सहायक तथा पुलिस कांस्टेबल भर्ती-2024 में प्रमाणपत्र बनने में हुई देरी के कारण जिन अभ्यर्थियों को परेशानी हुई थी, उन्हें दस्तावेज सत्यापन के दौरान एक बार विशेष अवसर दिया जाएगा। चारधाम यात्रा से जुड़े प्रस्ताव में यात्रा के दौरान संचालित घोड़ा-खच्चरों के लिए बीमा सहायता प्रदान करने का निर्णय लिया गया। सरकार 5 प्रतिशत बीमा दर के तहत सहायता राशि उपलब्ध कराएगी, जिससे पशुपालकों और संचालकों को आर्थिक सुरक्षा मिल सकेगी।

पशुपालन विभाग के प्रस्ताव के तहत एम्ब्रियो ट्रांसफर तकनीक के माध्यम से उच्च गुणवत्ता वाले गौवंश के विकास और दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए पायलट परियोजना को मंजूरी दी गई। सरकार का मानना है कि इससे दुग्ध उत्पादन में वृद्धि होगी और पशुपालकों की आय बढ़ाने में मदद मिलेगी। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल भुवन चंद्र खंडूड़ी को याद करते हुए कहा कि उन्होंने प्रदेश के विकास, सुशासन और जनसेवा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया। वहीं, पद्मश्री निशानेबाज जसपाल राणा की उपलब्धियों को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने अपने खेल प्रदर्शन से देश और उत्तराखंड का नाम राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गौरवान्वित किया। मंत्रिमंडल ने दोनों दिवंगत हस्तियों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके योगदान को स्मरण किया।

सुरेन्द्र सिंह रावत

सुरेन्द्र सिंह रावत

Verified Reporter

Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.

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