उत्तराखंड

UKPSC PCS Result 2021: फैशन की दुनिया छोड़ आशीष ने पाई पहली रैंक, पत्नी डॉक्टर तो बहनें अधिकारी

सुरेन्द्र सिंह रावत By सुरेन्द्र सिंह रावत Aug 29, 2024 04:40 1 views 0 Comments
UKPSC PCS Result 2021: फैशन की दुनिया छोड़ आशीष ने पाई पहली रैंक, पत्नी डॉक्टर तो बहनें अधिकारी

UKPSC PCS Result 2021: सितारगंज के आशीष जोशी ने उत्तराखंड पीसीएस 2021 में चयन हुआ है। उन्होंने कड़ी मेहनत और लगन से उत्तराखंड में पहली रैंक प्राप्त क...

UKPSC PCS Result 2021: सितारगंज के आशीष जोशी ने उत्तराखंड पीसीएस 2021 में चयन हुआ है। उन्होंने कड़ी मेहनत और लगन से उत्तराखंड में पहली रैंक प्राप्त की है। आशीष वर्तमान में चमोली जनपद के जोशीमठ में नायब तहसीलदार पद पर कार्यरत हैं। उनकी इस उपलब्धि पर परिवार में जश्न का माहौल है।

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बताया जा रहा है की आशीष का पैतृक घर अल्मोड़ा जिले के हवालबाग, ज्युगूडा में है । अभी के समय वे सितारगंज हाइड्रिल कालोनी निवासी है। आशीष जोशी पुत्र खजान चंद्र जोशी ने अपनी प्रतिभा और जज्बे को लोहा मनवाया है। दैनिक जागरण से खास बातचीत में आशीष ने बताया की उन्हें शुरू से बॉलीवुड की दुनिया काफी फसंद थी।

फैशन की दुनिया में भविष्य संवारने का लक्ष्य बनाया और सितारगंज से स्कूलिंग के बाद उन्होंने मुंबई के नेशनल फैशन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से स्नातक की पढ़ाई पूरी की। मुंबई में ही फैशन इंडस्ट्री से जुड़ गए और नौकरी करने लगे। चार साल इस लाइन में खुद को साबित कर अच्छा मुकाम भी पा लिया, लेकिन घर के इकलौते पुत्र होने के चलते उन्होंने नौकरी छोड़ कर वर्ष, 2016 में उत्तराखंड अपने घर आ गए और सिविल सेवा की तैयारी करने लगे।

वर्ष 2016 में पहला अटेम्प्ट दिया लेकिन मेंस में सफलता नहीं मिली। आशीष ने हिम्मत नहीं हारी और तैयारी में जुटे थे। वर्ष, 2021 में फिर उन्होंने समीक्षा अधिकारी की परीक्षा दी और सफल होने पर उच्च न्यायालय में तैनाती मिली। जॉब के साथ साथ रोजाना रात में करीब छह घंटे तक की पढ़ाई करते थे। इस दौरान लोअर पीसीएस और पीसीएस की परीक्षा में सम्मिलित हुए।

लोअर पीसीएस में 12वीं रैंक मिली। जिसपर उन्हें नायब तहसीलदार पद पर नियुक्ति पिछले माह जोशीमठ में हुई। बुधवार को पीसीएस 2021 का परिणाम भी जारी हुआ, जिसमें आशीष ने उत्तराखंड में पहला स्थान प्राप्त किया है।

आशीष ने बताया की 2022 में उन्होंने यूपी लोअर पीसीएस निकाला था, लेकिन किसी कारण ज्वाइन नहीं किया।आशीष के पिता ऊर्जा निगम में जेई और मां गृहणी हैं। चार बड़ी बहने हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय स्वजन को दिया है।आशीष भाई बहनों में सबसे छोटे हैं। सिविल सेवा में जाने के लिए उन्हें उनकी बड़ी बहन ने मोटिवेट किया। बहन पूनम पांडेय गृहणी, अर्चना जोशी असिस्टेंट प्रोफेसर, रश्मि जोशी ग्राम विकास अधिकारी और शालिनी जोशी आर्मी में मेजर हैं। जबकि पत्नी दिव्या जोशी डॉक्टर हैं।

आशीष भाई बहनों में सबसे छोटे हैं। सिविल सेवा में जाने के लिए उन्हें उनकी बड़ी बहन ने मोटिवेट किया। बहन पूनम पांडेय गृहणी, अर्चना जोशी असिस्टेंट प्रोफेसर, रश्मि जोशी ग्राम विकास अधिकारी और शालिनी जोशी आर्मी में मेजर हैं। जबकि पत्नी दिव्या जोशी डॉक्टर हैं।

सेल्फ स्टडी को दी प्राथमिकता,आशीष मुंबई से आने के बाद सिर्फ चार माह के लिए दिल्ली की एक कोचिंग में तैयारी की। इसके बाद उन्होंने सेल्फ स्टडी को प्राथमिकता दी।रोजाना सरकारी काम को पूरा कर रात में छह घंटे तक पढाई का नियम बनाया। रणनीति बना कर नौकरी के साथ ही पढ़ाई जारी रखा।

सुरेन्द्र सिंह रावत

सुरेन्द्र सिंह रावत

Verified Reporter

Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.

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