मसूरी में भारी बारिश के बाद कैंपटी फॉल का दिखा विकराल रूप, दुकानों के अंदर घुसा पानी, दहशत में लोग
By सुरेन्द्र सिंह रावत
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May 04, 2025 16:32
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मसूरी क्षेत्र में रविवार को हुई मूसलाधार बारिश से जन-जीवन अस्त व्यस्त हो गया। वहीं, कैंपटी फॉल क्षेत्र में रविवार को बारिश एकाएक आफत बनकर ब...
मसूरी क्षेत्र में रविवार को हुई मूसलाधार बारिश से जन-जीवन अस्त व्यस्त हो गया। वहीं, कैंपटी फॉल क्षेत्र में रविवार को बारिश एकाएक आफत बनकर बरसी। भारी बारिश के दौरान कैंपटी फॉल रौद्र रूप में दिखा।
जिससे पर्यटक सहमे नजर आए। मलबा और पत्थर झरने से बहकर झील में जमा हो गए। सड़क का पानी वहां तीन-चार दुकानों के अंदर घुस गया। त्यूणी-मलेथा हाईवे कुछ देर के लिए कैंपटी में मलबा आने से यातायात के लिए बाधित रहा।
रविवार दोपहर बाद कैंपटी क्षेत्र में जमकर बारशि हुई। तीन बजे के लगभग कैंपटी फॉल एका एक उफान पर आ गया। झरने में पानी के साथ भारी मात्रा में पहाड़ी से मलबा और पत्थर आने लगे। झरने का रौद्र रूप देखकर पर्यटक और आसपास के दुकानदार सहम गए। सतर्कता बरतते हुए पुलिस प्रशासन ने पर्यटकों को कैंपटी फॉल में जाने से रोक दिया। झरने के आसपास खडे़ पर्यटकों को वहां से बाहर सुरक्षित स्थान पर ले आई।
इसी दौरान हाईवे का पानी तीन-चार दुकानों के अंदर जा घुसा। कैंपटी में पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा और पत्थर हाईवे पर आ गिरे। जिससे वहां पर लगभग आधे घंटे तक यातायात बाधित हो गया। बाद में जेसीबी मशीन बुलाकर मलबा हटाया गया। कैंपटी थानाध्यक्ष संजय मिश्रा ने बताया कि झरने का जलस्तर बढ़ गया था। बारिश से कोई नुकसान नहीं हुआ है। पर्यटकों को पहले ही झरने में जाने से रोक दिया गया था।
वहीं, मसूरी-दून मार्ग, कैंपटी मार्ग, किमाड़ी मार्ग में मलबा आने से यातायात प्रभावित हुआ। बारिश में तापमान गिरकर 15 डिग्री तक लुढ़क गया। बारिश से शहर में एक बार फिर ठंड लौट आई है। मसूरी - किमाड़ी मार्ग में मलबा आने से एक घंटे से अधिक समय तक मार्ग बंद रहा। बारिश का असर शहर के पर्यटन व्यवसाय पर भी पड़ा है। शहर में घूमने आए कई पर्यटक बारिश के चलते होटलों में ही रहे। लोनिवि ईई जितेन्द्र त्रिपाठी ने बताया कि किलोमीटर 14 में मलबा आने की सूचना मिलने पर जेसीबी से मलबा हटाकर यातायात बहाल कर दिया।
सुरेन्द्र सिंह रावत
Verified Reporter
Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.
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