आज जनपद अल्मोड़ा के उत्कर्ष केंद्र आयुष्मान आरोग्य मंदिर (AAM), शैल में एक दिवसीय ‘निशुल्क दर्द निवारण एवं वेदना प्रबंधन’ वृहद आयुर्वेदिक शिविर का अत्यंत सफल आयोजन किया गया। जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी डॉ. मोहम्मद शाहिद के निर्देशन में आयोजित इस शिविर में क्षेत्र के कुल 54 मरीजों ने अपना पंजीकरण कराया और आयुर्वेद की विशिष्ट चिकित्सा पद्धतियों का लाभ उठाया। चिकित्सीय टीम एवं उपचार टीम में डॉ कुबेर सिंह अधिकारी वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी व शिविर नोडल डॉ. योगेंद्र सिंह के नेतृत्व में विशेषज्ञ डॉक्टर्स की टीम ने मरीजों का निशुल्क परीक्षण किया गया।
डॉ. अजीत तिवारी ने न्यूरो थेरेपी और कपिंग थेरेपी एवं मर्म के माध्यम से पुराने दर्द के मरीजों को राहत दी। डॉ. हृषिकेश तिवारी के निर्देशन में पंचकर्म चिकित्सा का सफल संचालन किया गया। डॉ. दीपिका धर्मशक्तू ने शिविर के सफल डॉक्यूमेंटेशन, मीडिया कवरेज और प्रेस विज्ञप्ति के कार्यों का कुशलतापूर्वक संपादन किया।विशेषज्ञ सहयोग एवं प्रबंधन शिविर की सफलता में सहयोगी टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा। पंचकर्म टेक्नीशियन आशीष कुमार के साथ अनामिका आशा ने मरीजों को पंचकर्म थेरेपी प्रदान की। योग अनुदेशक ज्योति रैकवाल, पंकज मेहता और ने 25 मरीजों को रोगानुसार योगाभ्यास कराया। मुख्य फार्मासिस्ट अंशुल रावत एवं फार्मेसी अधिकारी रिचा रावत ने औषधि वितरण और सामग्री प्रबंधन सुनिश्चित किया।
व्यवस्थाओं को सुचारू बनाने में शिब्बन मेहरा, विक्की वाल्मीकि सुनीता का विशेष सहयोग रहा। आंकड़े में कुल 54 रोगी, योग के 25 मरीज और पंचकर्म के 22 मरीज, मर्म एवं न्यूरो थेरेपी के 30 मरीज, शिविर का मुख्य उद्देश्य जन-सामान्य को बिना किसी दुष्प्रभाव के आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति (जैसे पंचकर्म और मर्म चिकित्सा) के माध्यम से दर्द से मुक्ति दिलाना था। “सर्वे भवन्तु सुखिनः सर्वे सन्तु निरामयाः” के संकल्प के साथ शिविर का सफलतापूर्वक समापन हुआ।
