हरिद्वार जिले के रुड़की तहसील कार्यालय में उस समय हड़कंप मच गया, जब विजिलेंस की टीम ने छापेमारी की, जहां टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक पीआरडी जवान को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है, बताया जा रहा है कि आरोपी जमीन के दाखिल-खारिज की प्रक्रिया पूरी कराने के बदले 4500 रुपए की घूस मांग रहा था, कार्रवाई के दौरान पीआरडी जवान ने रिश्वत की रकम अपने एक साथी को थमा दी, जो मौके से फरार हो गया, विजिलेंस अब फरार आरोपी की तलाश में जुटी हुई है, देहरादून विजिलेंस के मुताबिक, शिकायतकर्ता ने विजिलेंस के टोल फ्री नंबर 1064 पर एक शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें शिकायतकर्ता ने टीम को बताया था कि उसकी बहन की भूमि का दाखिल-खारिज रजिस्टर में दर्ज कराने के एवज में रुड़की तहसीलदार कार्यालय में पेशकार का कार्य देख रहे पीआरडी जवान संदीप कुमार 4 हजार 500 रुपए की रिश्वत मांग रहे हैं। शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस सेक्टर देहरादून ने मामले की गोपनीय जांच कराई, जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर पुलिस अधीक्षक सतर्कता के निर्देश पर एक ट्रैप टीम का गठन किया गया।
जिसके बाद 19 जून यानी शुक्रवार को टीम ने रुड़की तहसील कार्यालय पहुंच कर जाल बिछाया, जैसे ही शिकायतकर्ता रिश्वत की रकम लेकर आरोपी के पास पहुंचा, तो पीआरडी जवान संदीप कुमार ने रकम खुद लेने के बजाए अपने एक साथी को थमा दी और उसे वहां से निकल जाने को कहा, हालांकि, विजिलेंस की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संदीप कुमार को मौके से गिरफ्तार कर लिया, जबकि, उसका साथी रिश्वत की रकम लेकर मौके से फरार हो गया, जैसे ही शिकायतकर्ता रिश्वत की रकम लेकर आरोपी के पास पहुंचा, तो पीआरडी जवान संदीप कुमार ने रकम खुद लेने के बजाए अपने एक साथी को थमा दी और उसे वहां से निकल जाने को कहा, हालांकि, विजिलेंस की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए संदीप कुमार को मौके से गिरफ्तार कर लिया, जबकि, उसका साथी रिश्वत की रकम लेकर मौके से फरार हो गया। विजिलेंस विभाग ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी किसी भी काम के बदले रिश्वत की मांग करता है, तो इसकी सूचना तत्काल टोल फ्री नंबर 1064 पर दें, ताकि, भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जा सके और सरकारी व्यवस्था को पारदर्शी बनाया जा सके।
