रुद्रप्रयाग के तिलवाड़ा के पास एक कार अनियंत्रित होकर 50 मीटर नीचे नदी किनारे जा गिरी, हादसे में पांच यात्री घायल
By सुरेन्द्र सिंह रावत
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Jun 07, 2026 05:16
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रुद्रप्रयाग में सुबह चारधाम यात्रियों की एक कार हादसे का शिकार हो गई। कार तिलवाड़ा में अनियंत्रित होकर नदी में जा गिरी। कार में बंगाल के पांच यात्री...
रुद्रप्रयाग में सुबह चारधाम यात्रियों की एक कार हादसे का शिकार हो गई। कार तिलवाड़ा में अनियंत्रित होकर नदी में जा गिरी। कार में बंगाल के पांच यात्री सवार थे। एसडीआरएफ ने यात्रियों को खाई से निकाला। जानकारी के अनुसार, जिला कंट्रोल रूम सूचना मिली कि तिलवाड़ा पेट्रोल पंप के निकट एक वाहन अनियंत्रित होकर सड़क से करीब 50 मीटर नीचे नदी किनारे पानी में जा गिरा है। सूचना मिलते ही चौकी तिलवाड़ा एवं कोतवाली अगस्त्यमुनि से पुलिस बल आवश्यक आपदा राहत उपकरणों के साथ तत्काल मौके पर पहुंचा। साथ ही एसडीआरएफ, डीडीआरएफ तथा 108 आपातकालीन सेवा को भी घटनास्थल के लिए रवाना किया गया।
दुर्घटनाग्रस्त वाहन महिंद्रा एक्सयूवी 700 (वाहन संख्या यूपी16-डीके0856) था, जिसमें कुल पांच यात्री सवार थे। सभी यात्री पश्चिम बंगाल से केदारनाथ धाम की यात्रा पर जा रहे थे। वाहन नदी किनारे पानी में फंस गया था, जिसके बाद रेस्क्यू टीम ने तत्परता दिखाते हुए वाहन में फंसे सभी पांचों यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। दुर्घटना में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। हालांकि दो महिलाएं गंभीर रूप से घायल हुई हैं, जिन्हें हाथ-पैर में फ्रैक्चर सहित अन्य चोटें आई हैं। वहीं चालक सहित तीन पुरुषों को मामूली चोटें लगी हैं। सभी घायलों को खाई से बाहर निकालकर तत्काल 108 एम्बुलेंस के माध्यम से जिला चिकित्सालय रुद्रप्रयाग भेजा गया, जहां उनका उपचार चल रहा है।
घायलों में प्रिंस सिंह (30 वर्ष) निवासी पलामू, झारखंड, सभीमा सिंह (28 वर्ष) निवासी पश्चिम बंगाल, सुजोन मुखर्जी (27 वर्ष) निवासी राजगंज, जलपाईगुड़ी, असम, ऋजा मुखर्जी (30 वर्ष) निवासी राजगंज, जलपाईगुड़ी, असम तथा वाहन चालक प्रदीप कुमार (35 वर्ष) निवासी औरैया, उत्तर प्रदेश शामिल हैं। पुलिस एवं राहत एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई से सभी यात्रियों की जान बच गई।
सुरेन्द्र सिंह रावत
Verified Reporter
Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.
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