देहरादून में अवैध निर्माण पर MDDA की ताबड़तोड़ कार्रवाई, अवैध प्लाटिंग में चला बुलडोजर किया ध्वस्त
By सुरेन्द्र सिंह रावत
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Sep 28, 2025 05:56
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देहरादून शहर और आसपास अवैध प्लाटिंग व अनधिकृत निर्माण करने वालों के विरुद्ध मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है।...
देहरादून शहर और आसपास अवैध प्लाटिंग व अनधिकृत निर्माण करने वालों के विरुद्ध मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) का शिकंजा लगातार कसता जा रहा है। शनिवार को प्राधिकरण की संयुक्त टीम ने कई क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए दर्जनों बीघा अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त कर दिया और कई व्यावसायिक निर्माणों को सील कर दिया।
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि शहर को अव्यवस्थित और अवैध तरीके से फैलने नहीं दिया जाएगा। नियम विरुद्ध निर्माण और प्लाटिंग करने वालों पर सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने जनता को संदेश दिया कि वह किसी भी अवैध कालोनी में निवेश कर अपने पैसे और भविष्य को खतरे में न डालें। कार्रवाई की जानकारी देते हुए उपाध्यक्ष तिवारी ने बताया कि शिमला बाईपास रोड पर मानवेंद्र पुंडीर की ओर से हिंदूवाला साभावाला में लगभग 40 बीघा भूमि पर की जा रही अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त किया गया। सेलाकुई शेररपुर क्षेत्र में गुलशेर की ओर से हाईवे और आसान नदी के बीच लगभग 10 बीघा अवैध प्लाटिंग की गई थी, जिसे ध्वस्त कर दिया गया। चकराता रोड शंकरपुर सेलाकुई में डीसी बंसल की ओर से करीब 20 बीघा में की जा रही अवैध प्लाटिंग, कल्याणपुर धर्मावाला चौक के पास राशिद की ओर से आठ बीघा में की गई अवैध प्लाटिंग को ध्वस्त किया गया।
अद्दूवाला शिमला बाईपास रोड पर नरेंद्र चौहान की ओर से अवैध रूप से निर्मित फार्म हाउस और वहां बनाई गई आठ व्यावसायिक हट्स को एमडीडीए ने सील कर दिया। धर्मावाला रोड हरबर्टपुर में राकेश अग्रवाल की ओर से पेट्रोल पंप के निकट बनाए गए अवैध व्यावसायिक निर्माण, मुख्य चकराता रोड खुशहालपुर सहसपुर में सलमान के अवैध व्यावसायिक निर्माण, राजपुर रोड पर सरदार मो. असरफ खान के अवैध निर्माण और संस्कृति लोक कॉलोनी में साकिर की ओर से बनाए गए दो अवैध भवन सील किए गए। चांचक चौक बंजारावाला में भी मोहम्मद साजिश के टिन शेड बनाकर किए गए अस्थायी व्यावसायिक निर्माण को ध्वस्त किया गया।
सुरेन्द्र सिंह रावत
Verified Reporter
Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.
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