उत्तराखंड में लैब अटेंडेंट परीक्षा में ब्लूटूथ से नकल करते 17 अभ्यर्थी गिरफ्तार, सभी से की जा रही है पूछताछ
By सुरेन्द्र सिंह रावत
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May 19, 2025 07:11
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नवोदय विद्यालय की लैब अटेंडेंट परीक्षा में ब्लूटूथ से नकल करते 17 अभ्यर्थियों को गिरफ्तार किया है। यह परीक्षा सीबीएसई बोर्ड की ओर से देहरादून के दो स...
नवोदय विद्यालय की लैब अटेंडेंट परीक्षा में ब्लूटूथ से नकल करते 17 अभ्यर्थियों को गिरफ्तार किया है। यह परीक्षा सीबीएसई बोर्ड की ओर से देहरादून के दो स्कूलों में दो पालियों में आयोजित की गई थी। आरोपियों के पास से 17 ब्लूटूथ डिवाइस बरामद की गई हैं। इनके खिलाफ दो मुकदमे पटेलनगर और एक डालनवाला में दर्ज किया गया है। नकलची अभ्यर्थियों के सॉल्वर गैंग के बारे में भी पूछताछ की जा रही है। सॉल्वर गैंग देहरादून से बाहर का बताया जा रहा है। इनकी तलाश में पुलिस ने कई टीमें गठित की हैं।
एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि सीबीएसई बोर्ड की ओर से पटेलनगर क्षेत्र में सोशल बलूनी पब्लिक स्कूल और डालनवाला में दून इंटरनेशनल स्कूल में यह परीक्षा आयोजित कराई जा रही थी। पहली पाली की परीक्षा में सोशल बलूनी स्कूल से सूचना मिली कि एक अभ्यर्थी संदिग्ध इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के साथ दिखाई दिया। उसकी जांच की गई तो पता चला कि यह ब्लूटूथ डिवाइस है जिसे उसने जूते में छिपाया हुआ था। मौके पर पहुंची पुलिस ने आजमगढ़ उत्तर प्रदेश के रहने वाले सौरभ यादव नाम के अभ्यर्थी को गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद शाम की पाली में भी यहां परीक्षा होनी थी।
पुलिस ने केंद्र अधीक्षक के साथ मिलकर चेकिंग की तो यहां से सात और अभ्यर्थी ब्लूटूथ डिवाइस के साथ पकड़े गए।मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने दूसरे केंद्र में भी पड़ताल की। डालनवाला थाने से एक टीम ने दून इंटरनेशनल स्कूल में छापा मारा। यहां से कुल नौ अभ्यर्थियों को ब्लूटूथ डिवाइस के साथ गिरफ्तार किया गया। एसएसपी ने बताया कि आरोपियों से उनके साथियों के बारे में पूछताछ की जा रही है। इनका सॉल्वर कौन था और कहां से इनके साथ ऑनलाइन होना था इसकी जांच भी की जा रही है। अभी तक की जांच में पता चला कि यह सॉल्वर गैंग देहरादून से बाहर का है। इसमें उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में भी दबिश के लिए टीमें भेजी गई हैं। सभी आरोपियों से मिले ब्लूटूथ डिवाइस को जांच के लिए भेजा जा रहा है।
नवोदय विद्यालय के लैब अटेंडेंट की परीक्षा में एक और धोखाधड़ी का मामला एफआरआई केंद्रीय विद्यालय सेंटर में सामने आया है। यहां पर मूल अभ्यर्थी के स्थान पर परीक्षा देने आए एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि लैब अटेंडेंट की यह परीक्षा आयोजित की जा रही थी। इसी दौरान यहां पर फैजाबाद के रहने वाले सौरभ सिंह को परीक्षा में शामिल होना था। दूसरी पाली में आयोजित इस परीक्षा में सौरभ सिंह नाम से एक अभ्यर्थी ने परीक्षा दी। उसने ओएमआर शीट भरकर परीक्षा करवा रहे अधिकारियों को दे दी। लेकिन, सीबीएसई की टीम के बॉयोमेटिक टीम को बुलाया गया। पता चला कि अभ्यर्थी के पास से जो आधार कार्ड मिला है वह फर्जी है। पुलिस ने जब आरोपी से पूछताछ की तो मालूम हुआ कि यह सौरभ सिंह नहीं है। बायोमीट्रिक टेस्ट में वह पकड़ में आ गया। पूछताछ हुई तो पता चला कि वह सौरभ सिंह नहीं बल्कि श्रीचंद है। आरोपी को तत्काल थाने लाया गया। सौरभ सिंह को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। मूल अभ्यर्थी के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
नकल कराने वालों में देहरादून से बाहर के लोगों का नाम सामने आ रहा था। इसी बीच पुलिस ने जब आरोपियों की तलाश की तो दो आरोपियों को हरिद्वार से गिरफ्तार कर लिया गया। ये आरोपी इस नकल गैंग के हरियाणा वाले ग्रुप से जुड़े हुए हैं। इसके अलावा पुलिस मेरठ के गैंग की तलाश कर रही है। कुल मिलाकर रविवार को हुए इस नकल कांड में 21 लोगों के खिलाफ मुकदमे हुए हैं, जिनमें से 20 लोग गिरफ्तार हो चुके हैं। द पब्लिक एग्जामिनेशन प्रिवेंशन ऑफ अनफेयर मीन्स एक्ट 2024 की धारा तीन, चार, दस और ग्यारह के अलावा धारा 318 व 61(2) के तहत मुकदमा दर्ज हुआ है।
सुरेन्द्र सिंह रावत
Verified Reporter
Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.
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