उत्तराखंड

पिथौरागढ़ जिले में 108 सेवा ध्वस्त, एंबुलेंस को 'इलाज' की जरूरत, ऐसे कैसे सुधरेगी स्वास्थ्य व्यवस्था?

सुरेन्द्र सिंह रावत By सुरेन्द्र सिंह रावत Mar 11, 2026 04:10 1 views 0 Comments
पिथौरागढ़ जिले में 108 सेवा ध्वस्त, एंबुलेंस को 'इलाज' की जरूरत, ऐसे कैसे सुधरेगी स्वास्थ्य व्यवस्था?

सीमांत जिले पिथौरागढ़ में स्वास्थ्य सेवाएं पहले से ही राम भरोसे है, आए दिन अस्पतालों में डॉक्टर न होने, अल्ट्रासाउंड और एक्सरे की सुविधा न मिलने से म...

सीमांत जिले पिथौरागढ़ में स्वास्थ्य सेवाएं पहले से ही राम भरोसे है, आए दिन अस्पतालों में डॉक्टर न होने, अल्ट्रासाउंड और एक्सरे की सुविधा न मिलने से मरीज परेशान दिखते हैं, अब मरीजों को स्वास्थ्य सुविधा का लाभ पहुंचाने वाली 108 एंबुलेंस सेवा का लाभ न मिलने से मरीज परेशान है, आलम ये है कि मरीज को अस्पताल पहुंचाने वाली एंबुलेंस खुद ही बीमार नजर आ रही है।दरअसल, पिथौरागढ़ जिले में 108 आपातकालीन सेवा खुद वेंटिलेटर पर नजर आ रही है, जिले की उबड़-खाबड़ सड़कों पर दौड़ रही खटारा एंबुलेंस बीच रास्ते में दम तोड़ रही है, जिससे गंभीर मरीजों और गर्भवतियों की जान दांव पर लग रही है, आए दिन 108 एंबुलेंस वाहन विभिन्न स्थानों पर खड़े होने की जानकारी मिलती है तो कहीं कर्मचारी खुद 108 वाहन को धक्का लगाकर स्टार्ट करते हुए देखे जा चुके हैं।

पिथौरागढ़ जिले में कुल 18 एंबुलेंस संचालित हैं, जिनमें से 8 एंबुलेंस नियमों के मुताबिक अपना निर्धारित सफर 10 साल यानी (2.5 लाख किलोमीटर) पूरा कर चुकी हैं, तकनीकी रूप से ये गाड़ियां अब एंबुलेंस सेवा में नहीं होनी चाहिए थीं, लेकिन सरकारी मानकों और बजट के अभाव में इन्हें बदला नहीं जा सका है, मानकों और नियमों के चलते पुरानी व खटारा होने के बाद इन 108 एंबुलेंस को काम पर घसीटा जा रहा है, आलम ये है कि मरीजों और गर्भवतियों की सुरक्षा को अनदेखा कर इन एंबुलेंस को ही सड़कों पर दौड़ाया जा रहा है, जो आए दिन कहीं पर जवाब दे जाते हैं, इसकी तस्दीक हाल में हुई घटनाएं करती हैं।

पिथौरागढ़ जिले में लगे बागेश्वर, अल्मोड़ा, चंपावत के मरीज भी 108 की सेवा न मिलने से आए दिन परेशान रहते हैं, जिले में 10 एंबुलेस मानक के हिसाब से सही स्थिति में हैं, उनका उपयोग ज्यादातर मरीजों को हल्द्वानी जैसे हायर सेंटर रेफर करने के लिए किया जा रहा है, रोजाना लगभग 3-4 एंबुलेंस जिले से बाहर रहने के कारण स्थानीय स्तर पर आपातकालीन कॉल आने पर 108 उपलब्ध नहीं हो पा रही है। पिथौरागढ़ जिले में 8 एम्बुलेंस ढाई लाख किलोमीटर का सफर तय कर चुकी हैं उम्मीद है कि नए वित्त वर्ष में नई एंबुलेंस मिलेंगे और व्यवस्था पटरी पर आएगी एंबुलेंस से मरीजों को हायर सेंटर भेजने में दिक्कत हो रही है। भास्कर शर्मा, जिला प्रभारी, 108 आपातकालीन सेवा, पिथौरागढ़

सुरेन्द्र सिंह रावत

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Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.

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