सिक्किम एनएचपीसी टनल हादसा, उत्तराखंड के इंजीनियर प्रवीन नेगी की मौत, घर में पसरा मातम
By सुरेन्द्र सिंह रावत
•
Jul 24, 2026 21:22
•
29 views
•
0 Comments
सिक्किम के नामची जिले में निर्माणाधीन सुरंग में हुए हादसे में चमोली जिले के दशोली विकासखंड के अंतर्गत बैमरु ग्राम पंचायत के गुनियाला गांव निवासी युवा इंजीनियर प्रवीन सिंह नेगी (28) की मौत हो गई। हादसे की खबर मिलते ही पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई। जानकारी के अनुसार, प्रवीन सिंह नेगी पुत्र स्व. इंद्र सिंह नेगी सिक्किम के नामची जिले में निर्माणाधीन सुरंग परियोजना में इंजीनियर के पद पर कार्यरत थे। 19 जुलाई को अपराह्न करीब साढ़े तीन बजे भारी वर्षा के चलते सुरंग के बाहर भूस्खलन हुआ और भारी मात्रा में मलबा मुख्य द्वार पर आ गिरा। इसी दौरान मीथेन गैस की पाइपलाइन फटने से जोरदार विस्फोट हुआ और सुरंग जहरीली गैस से भर गई। इस हादसे में 27 लोगों की जान चली गई, जिनमें प्रवीन सिंह नेगी भी शामिल थे। प्रवीन की शादी मात्र तीन वर्ष पूर्व हुई थी। वह परिवार के इकलौते बेटे थे। परिवार में उनकी माता कमला देवी और एक विवाहित बहन हैं।
बेटे की असमय मौत से मां का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरे गुनियाला गांव में मातम पसरा हुआ है और लोग शोक संतप्त परिवार को सांत्वना देने पहुंच रहे हैं। प्रवीन ने टीएचडीसी इंजीनियरिंग कालेज, टिहरी से बीटेक की पढ़ाई पूरी की थी। इसके बाद उन्होंने पीपलकोटी जल विद्युत परियोजना की सहायक कंपनी एचसीसी में कुछ वर्षों तक सेवाएं दीं। बाद में वह श्रीनगर गढ़वाल में रेलवे परियोजना से जुड़े और करीब छह माह पहले ही सिक्किम की सुरंग परियोजना में कार्यभार संभाला था। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था और एक हादसे ने उनकी जीवन यात्रा को समाप्त कर दिया। बैमरु के ग्राम प्रधान रविंद्र सिंह ने बताया कि हादसे में प्रवीन का शरीर अत्यधिक झुलस गया था, जिसके चलते उनका अंतिम संस्कार सिक्किम में ही करना पड़ा। प्रवीन की मृत्यु से पूरे क्षेत्र में शोक व्याप्त है और लोग उन्हें एक प्रतिभाशाली एवं मेहनती युवा इंजीनियर के रूप में याद कर रहे हैं।
सुरेन्द्र सिंह रावत
Verified Reporter
Professional journalist writing regular analytical and research reports on key political, cultural, and technological fields globally.
Comments (0)
No comments yet. Be the first to share your thoughts!